July 2, 2026
BAN480414

देहाती लेखक | डिजिटल मीडिया 

इन दिनों भगवान की मूर्तियों को चिलचिलाती धूप से बचाने के लिए पंखों की व्यवस्था की गई है। मान्यता है कि भगवान सांसारिक ताप और ठंड से परे होते हैं, लेकिन एक भक्त यह भावना मानती है कि सेवा भाव से किए गए हर प्रयास का फल अवश्य मिलता है।

वाराणसी (देउरा) रोहनिया भीषण गर्मी से इंसान ही नहीं, भगवान को भी राहत देने के प्रयास में वाराणसी जिले के एक श्रद्धालु द्वारा किया जा रहा हैं। रोहनिया के पंचकोसी परिक्रमा मार्ग पर स्थित देउरा गांव के एक प्रमुख मंदिर में इन दिनों भगवान की मूर्तियों को चिलचिलाती धूप से बचाने के लिए पंखों की व्यवस्था की गई है। मान्यता है कि भगवान सांसारिक ताप और ठंड से परे होते हैं, लेकिन एक भक्त की भावना यह मानती है कि सेवा भाव से किए गए हर प्रयास का फल अवश्य मिलता है। इसी भावना के तहत एक भक्त अपने आराध्य को भी इस झुलसाती गर्मी से राहत देने में जुटे हैं।

पंखा लगाकर दे रहे गर्मी से राहत
देउरा पोखरा स्थित हनुमान मंदिर के पुजारी अखिलेश पांडे उर्फ डब्बू ने बताया कि इन दिनों मंदिर में दिन के समय श्रद्धालुओं की संख्या काफी घट गई है। लोग सुबह 5 बजे से 10 बजे और शाम को 6 बजे से 10 बजे के बीच ही पूजा के लिए आते हैं। दिनभर मंदिर परिसर लगभग सुनसान रहता है। लेकिन भगवान की सेवा में कोई कमी न हो, इसके लिए उनके कक्ष में पंखे लगाए गए हैं, ताकि वातावरण शीतल बना रहे।

See also  सुल्तानपुर के ट्रक खलासी की वाराणसी में मौत: आलू लदे ओवरलोड ट्रक पर त्रिपाल बांधते समय जमीन पर गिरा, पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा

भक्त ने लगवाये पंखे
इसी तरह देउरा ग्राम निवासी बालगोविंद वर्मा ने बताया कि वर्तमान में तापमान अत्यधिक है और इससे भगवान की प्रतिमाओं को गर्मी से बचाने के लिए मेरे द्वारा तीन पंखों की व्यवस्था की गई है। पंचकोसी परिक्रमा मार्ग दूधिया तालाब के पास स्थित प्रमुख हनुमान मंदिर में भगवान श्रीराम, माता सीता, लक्ष्मण एवं हनुमान जी के लिए पंखे लगवाए गए हैं। उनका मानना है कि जैसे आम जनमानस गर्मी से राहत चाहता है, वैसे ही हमारे आराध्य भी सेवा भाव से इस शीतलता के अधिकारी हैं।

वही देउरा ग्राम निवासी मयंक कश्यप ने बताया कि सभी लोगों को भगवान की सेवा करनी चहिए मैं अपने आप को बहुत सौभाग्यशाली मानता हूं कि मुझे यह सेवा करने का अवसर प्राप्त हुआ। मंदिर में दी हुई किसी भी चीज को मैं दान नहीं मानता हूं बल्कि अपना सौभाग्य मानता हूं। और आज मैं इस प्रमुख हनुमान मंदिर में अपने पिता बालगोविंद वर्मा जी के नाम से तीन पंखे लगवा रहा हूँ। ताकि मंदिर प्रांगड़ में भजन करने वाले किसी भी भक्तों को परेशानी न हो।

Author Profile

Hemant/ ब्यूरो प्रमुख
Hemant/ ब्यूरो प्रमुख
Latest entries
See also  Varanasi news: सुशील सिंह तथा जितेंद्र सिंह पटेल प्रत्याशी घोषित किए गए, वाराणसी खंड स्नातक तथा शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के प्रत्याशियों की घोषणा

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *